बैंक एफडी से ज्यादा रिटर्न दे रही कॉरपोरेट एफडी, निवेशक हो रहे आकर्षित

आज के समय में सुरक्षित निवेश के साथ बेहतर रिटर्न चाहने वाले निवेशकों के लिए कॉरपोरेट एफडी एक आकर्षक विकल्प बनती जा रही है। बैंक एफडी की तुलना में इसमें अधिक ब्याज दर मिलने के कारण लोग तेजी से इसकी ओर आकर्षित हो रहे हैं। कई बड़ी कंपनियां अपनी फिक्स्ड डिपॉजिट पर 8 प्रतिशत से भी ज्यादा रिटर्न दे रही हैं, जिससे निवेशकों को बेहतर कमाई का अवसर मिल रहा है।
सीनियर सिटीजंस को मिलता है अतिरिक्त ब्याज का फायदा
कॉरपोरेट एफडी में वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष लाभ दिए जाते हैं। आम निवेशकों की तुलना में सीनियर सिटीजंस को 0.20 प्रतिशत से लेकर 0.50 प्रतिशत तक अतिरिक्त ब्याज मिलता है। उदाहरण के तौर पर श्रीराम फाइनेंस 0.50 प्रतिशत अतिरिक्त ब्याज देता है, जबकि मुथूट, मनिपाल और KTDFC जैसी कंपनियां भी बेहतर रिटर्न ऑफर कर रही हैं। ICICI होम फाइनेंस भी सीनियर सिटीजंस को अतिरिक्त लाभ प्रदान करता है।
इन प्रमुख कंपनियों में मिल रहा आकर्षक ब्याज
कॉरपोरेट एफडी बाजार में कई कंपनियां आकर्षक ब्याज दरें दे रही हैं। मनिपाल हाउसिंग फाइनेंस 8.25 प्रतिशत तक रिटर्न दे रहा है, वहीं मुथूट कैपिटल सर्विसेज 8.95 प्रतिशत तक का ब्याज ऑफर कर रही है। श्रीराम फाइनेंस, महिंद्रा फाइनेंस, सुंदरम होम फाइनेंस और LIC हाउसिंग फाइनेंस जैसी कंपनियां भी 6.5 से 8.5 प्रतिशत के बीच बेहतर रिटर्न दे रही हैं। निवेशक अपनी जरूरत के अनुसार 1 से 5 साल तक की अवधि चुन सकते हैं।
निवेश से पहले विश्वसनीयता की जांच जरूरी
कॉरपोरेट एफडी दरअसल कंपनियों द्वारा निवेश जुटाने का एक माध्यम है, जिसमें बैंक की बजाय NBFC और अन्य कंपनियां फंड लेती हैं। इसमें रिटर्न ज्यादा होने के बावजूद जोखिम भी बैंक एफडी की तुलना में थोड़ा अधिक हो सकता है। इसलिए निवेश करने से पहले कंपनी की वित्तीय स्थिति और विश्वसनीयता की जांच करना बेहद जरूरी है। समझदारी से किया गया निवेश ही बेहतर और सुरक्षित मुनाफा दिला सकता है।





